
बिलासपुर। मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बिलासपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। सरकंडा थाना और मोपका चौकी पुलिस ने एसीसीयू टीम के साथ संयुक्त कार्रवाई करते हुए दो इलेक्ट्रिक ऑटो से भारी मात्रा में गांजा जब्त किया है। इस कार्रवाई में 8 महिलाओं को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 90 किलो गांजा और दो वाहन बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत लगभग 46 लाख 75 हजार रुपये बताई जा रही है।
मुखबिर की सूचना पर रात में बिछाया जाल
पुलिस को 17 और 18 मई की दरमियानी रात करीब 3 बजे मुखबिर से सूचना मिली थी कि बिलासपुर रेलवे स्टेशन की ओर से सीपत की तरफ बड़ी मात्रा में गांजा ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही सरकंडा थाना, मोपका चौकी और एसीसीयू टीम सक्रिय हो गई। पुलिस ने बिलासपुर-सीपत रोड स्थित सीमेंट कंपनी के पास घेराबंदी कर संदिग्ध वाहनों की जांच शुरू की।
दो ई-ऑटो में छिपाकर ले जाया जा रहा था गांजा
जांच के दौरान पुलिस ने दो इलेक्ट्रिक ऑटो क्रमांक CG 10 BS 7574 और CG 10 CC 3813 को रोककर तलाशी ली। ऑटो में सवार महिलाओं के पास मौजूद प्लास्टिक की बोरियों और कपड़ों के गट्ठरों की जांच करने पर पुलिस के होश उड़ गए। खाकी टेप से लिपटे कुल 86 पैकेट गांजा बरामद किए गए।
पुलिस के मुताबिक जब्त गांजे का कुल वजन 90 किलोग्राम है। इतनी बड़ी मात्रा में गांजा पकड़े जाने से क्षेत्र में सक्रिय मादक पदार्थ तस्करी गिरोहों में हड़कंप मच गया है।
गिरफ्तार महिलाओं के नाम
पुलिस ने इस मामले में मटियारी निवासी अशोक बाई, नंद कुमारी, लक्ष्मी शिकारी, द्रोपती शिकारी, ग्यास बाई, गंगा सिंह, रम्मती शिकारी और इंद्राणी को गिरफ्तार किया है।
नेटवर्क खंगालने में जुटी पुलिस
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। प्रारंभिक पूछताछ में कई अहम सुराग मिलने की बात कही जा रही है। अब पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसे किन इलाकों में सप्लाई किया जाना था। साथ ही पूरे नेटवर्क और इसके मुख्य सरगनाओं तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।
लगातार बढ़ रही कार्रवाई
बिलासपुर पुलिस द्वारा हाल के दिनों में मादक पदार्थों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इस कार्रवाई को जिले में नशे के अवैध कारोबार पर बड़ी चोट माना जा रहा है।



